हल्द्वानी – परेशानी, आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं का कार्य बहिष्कार जारी, पोषण किट, पुष्टाहार, टीकाकरण सहित कई सेवाएं प्रभावित

खबर शेयर करें -

हल्द्वानी – विभिन्न मांगों को लेकर आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं और सहायिकाओं के कार्य बहिष्कार का असर जिलेभर के आंगनबाड़ी केंद्रों पर साफ दिखाई दे रहा है। छह अप्रैल से जारी इस आंदोलन के चलते अधिकांश केंद्रों पर ताले लटक गए हैं, जिससे आम लोगों को मिलने वाली कई महत्वपूर्ण सेवाएं प्रभावित हो रही हैं। बुधवार को भी आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं और सहायिकाओं का बुद्ध पार्क में धरना-प्रदर्शन जारी है। आंदोलन के चलते शहर के मुखानी, बनभूलपुरा, लोहरियासाल तल्ला, सुभाषनगर और गोरापड़ाव सहित विभिन्न क्षेत्रों के आंगनबाड़ी केंद्र बंद हैं।

केंद्रों के बंद रहने से गर्भवती महिलाओं और बच्चों को मिलने वाली महालक्ष्मी किट, पोषण किट सहित अन्य सरकारी योजनाओं का लाभ समय पर नहीं मिल पा रहा है। स्थानीय लोगों के अनुसार, इससे लाभार्थियों का डेटा अपडेट नहीं हो रहा है और बच्चों की प्रारंभिक शिक्षा व पोषण संबंधी गतिविधियां भी ठप पड़ी हैं।धरना स्थल पर कार्यकर्ताओं ने सरकार से मानदेय बढ़ाने और अन्य मांगों को जल्द पूरा करने की मांग की।

यह भी पढ़ें -  जल संकट को लेकर सरकार की आपातकालीन बैठक आज, आतिशी और सौरभ समेत सभी वरिष्ठ अधिकारी रहेंगे मौजूद

प्रभावित सेवाएं –
बच्चों और गर्भवती महिलाओं को पुष्टाहार व राशन वितरण
तीन से छह वर्ष के बच्चों की प्रारंभिक शिक्षा
एएनएम के साथ मिलकर टीकाकरण कार्य
बच्चों का नियमित स्वास्थ्य मापन
महिलाओं व किशोरियों को पोषण व स्वच्छता जागरूकता
परिवारों का सर्वे और डेटा प्रबंधन
सरकारी योजनाओं के लिए लाभार्थियों का चयन

सुबह से शाम तक बच्चों और गर्भवती महिलाओं की सेवा करने के बाद भी हमें वह मानदेय नहीं मिलता है जिससे घर का खर्च चल सके। मांगें पूरी होने तक आंदोलन जारी रहेगा। – जानकी नेगी, मुखानी

यह भी पढ़ें -  ओवरटेक करते हुए हुआ सड़क हादसा, मौत

इतने कम मानदेय में घर चलाना तो दूर स्कूल के बच्चों की फीस ही नहीं निकाल पा रही है। हम चाहते हैं कि राज्य सरकार तत्काल 140 प्रतिदिन की मानदेय वृद्धि करें। – प्रेमा बिष्ट

जब तक सरकार 10 लाख रुपये की सहायता राशि का स्पष्ट जीओ जारी नहीं करती है तब तक हमारे खातों से 300 रुपये की कटौती करना न्यायसंगत नहीं है। – रेनू

यह भी पढ़ें -  रेल इंजन की चपेट में आने से हाथी की मौत. बच्चा गंभीर. वन विभाग रेस्क्यू में जुटा.

आंगनबाड़ी कार्यकर्ता जमीनी स्तर पर सरकार की हर योजना को सफल बनाती हैं, लेकिन जब हमारी मांगों की बात आती है तो प्रशासन मौन हो जाता है। – अनीता तिवारी

Advertisement

लेटैस्ट न्यूज़ अपडेट पाने हेतु -

👉 हमारे व्हाट्सऐप ग्रुप से जुड़ें

👉 फ़ेसबुक पेज लाइक/फॉलो करें

👉 विज्ञापन के लिए संपर्क करें -

👉 +91 94109 39999