Katchatheevu island: क्या है कच्चाथीवू द्वीप का मुद्दा? पीएम मोदी ने कांग्रेस पर लगाया आरोप, पढ़ें यहां

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पीएम मोदी ने रविवार को कांग्रेस पार्टी पर बड़ा हमला किया है। पीएम ने Katchatheevu island का जिक्र किया है जिसे दशकों पहले भारत सरकार ने श्रीलंका सरकार को सौंप दिया था। कच्चाथीवू एक भारत और श्रीलंका के बीच में एक छोटा, निर्जन द्वीप है लेकिन मछुआरों के लिए इसका महत्तव काफी ज्यादा है। पीएम मोदी ने कांग्रेस पर भारत की एकता, अखंडता और हितों को कमजोर करने का आरोप लगाया है। आइये जानते हैं क्या है पूरा विवाद?

पीएम मोदी ने एक्स पर क्या लिखा?
पीएम मोदी ने एक्स पर ट्वीट करते हुए कहा कि नए तथ्यों से पता चलता है कि कैसे कांग्रेस ने बेरहमी से कच्चाथीवू को छोड़ दिया। इससे हर भारतीय नाराज है और लोगों के मन में यह बात बैठ गई है कि हम कांग्रेस पर कभी भरोसा नहीं कर सकते। पीएम मोदी ने कहा कि भारत की एकता, अखंडता और हितों को कमजोर करना 75 सालों से कांग्रेस का काम करने का तरीका रहा है।

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सुधांशु त्रिवेदी ने राहुल गांधी से पूछा सवाल
वहीं बीजेपी नेता सुधांशु त्रिवेदी ने कहा कि मैं पूरे देश को याद दिलाना चाहता हूं कि यह 1975 तक कच्चाथीवू भारत का था और यह तमिलनाडु में भारतीय मछुआरे से सिर्फ 25 किमी दूर है। पहले भारतीय मछुआरे वहां जाते थे लेकिन इंदिरा गांधी के शासन काल के दौरान तत्कालीन सरकार ने इसे श्रीलंका को सौंप दिया। उस समझौते में यह भी कहा गया था कि कोई भी मछुआरा वहां नहीं जा सकता। इस वजह से कई मछुआरों को पकड़कर जेल में डाल दिया गया और उन्हें अत्याचार सहना पड़ा। नेता सुधांशु ने राहुल गांधी से पूछा कि वह इस मुद्दे पर क्यों चुप हैँ? उन्हेंस लोगों को बताना चाहिए कि न केवल पार्टी बल्कि उनका परिवार भी इसके लिए जिम्मेदार है।

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गृह मंत्री अमित शाह क्या कहा?
वहीं गृह मंत्री अमित शाह ने भी कहा कि कांग्रेस ने कच्चाथीवू को छोड़ दिया और इसके लिए उन्हें कोई अफसोस नहीं है। गृह मंत्री ने कहा कि कभी कांग्रेस का कोई सांसद देश को बांटटने की बात करता है तो कभी भारतीय संस्कृति और परंपराओं को बदनाम करता है। इससे पता चलता है कि वे भारत की एकता और अखंडता के खिलाफ है। वे केवल हमारे देश को बांटना या तोड़ना चाहते हैं।

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