
https://youtu.be/uBg1Ntgg5AA?si=07B-bYg4ynlh72Y3
video- https://youtu.be/uBg1Ntgg5AA?si=07B-bYg4ynlh72Y3
लालकुआं। मोटाहल्दू में स्थित मदरसन कंपनी में कार्यरत कर्मचारियों ने अपनी 14 सूत्रीय मांगों को लेकर आंदोलन किया जा रहा है। कंपनी के बाहर प्रातः 6 बजे से दो सौ कर्मचारी हड़ताल पर बैठ गए, जिससे हड़कंप मच गया। मौके पर किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए भारी पुलिस बल तैनात किया गया है।
हड़ताल पर बैठे कर्मचारियों की प्रमुख मांगों में न्यूनतम वेतन 20 हजार रुपए किए जाने और शिफ्ट की समय अवधि 8 घंटे निर्धारित करने की मांग शामिल है। कर्मचारियों का आरोप है कि वर्तमान में उनसे निर्धारित समय से अधिक काम कराया जाता है, लेकिन उसके अनुरूप वेतन नहीं दिया जाता।
करीब 300 महिला और पुरुष कर्मचारियों ने प्रबंधन पर मनमानी करने के गंभीर आरोप लगाए,
कर्मचारियों ने हाल ही में निकाले गए अपने साथियों की पुनः नियुक्ति की मांग भी प्रमुखता से उठाई, जिससे उनमें असुरक्षा का माहौल बना हुआ है।
इसके अलावा, कर्मचारियों ने कंपनी की बसों के खराब मेंटेनेंस, चालकों के अनुचित व्यवहार और ‘नो ब्रेक सिस्टम’ जैसी व्यवस्थाओं पर भी कड़ा रोष जताया है।
वहीं, प्रशासन की मौजूदगी में कंपनी प्रबंधन और कर्मचारियों के बीच सुलह वार्ता की गई। जिसमें 14 सूत्रीय मांगों में से 12 मांगे मान ली गई, जबकि वेतन संबंधी मांग पर कुछ कर्मचारी अड़ गए, जबकि 50 से अधिक कर्मचारी ड्यूटी में लौट गए, तथा इतने ही कर्मचारी अपने घरों को वापस चले गए। और 100 से अधिक कर्मचारी मुख्य द्वार के समक्ष प्रदर्शन में जुटे हुए थे।
प्रातः हुई वार्ता के पश्चात दोपहर बाद तक पुनः और कोई बातचीत नहीं हुई, इस बीच उक्त प्रदर्शनकारियों के समर्थन में कुछ स्थानीय युवा एवं जनप्रतिनिधि पहुंच गए, काफी देर हो हल्ला मचाने के बाद आंदोलनरत कर्मचारी अपने-अपने घरों को लौट गए। इस मौके पर एसपी सिटी मनोज कत्याल, उप जिलाधिकारी लालकुआं रेखा कोहली, कोतवाली के प्रभारी निरीक्षक ब्रजमोहन सिंह राणा, क्षेत्रीय विधायक डॉ मोहन बिष्ट ने मदरसन फैक्ट्री के प्रबंधन और कर्मचारियों की वार्ता कराने के कई प्रयास किये, परंतु कुछ कर्मचारी विधायक डॉ मोहन बिष्ट के समक्ष ही धरना और नारेबाजी करते हुए आंदोलन करने पर अड़ गए, इसके बाद विधायक को धरना स्थल से वापस बेरंग लौटना पड़ा। दोपहर बाद तक कई थानों की पुलिस मदरसन फैक्ट्री के सामने ड्टी हुई थी।
इधर मदरसन फैक्ट्री के एचआर हेड सुभाष तिवारी ने बताया कि कर्मचारियों द्वारा जो 14 सूत्रीय मांगे उनके समक्ष रखी थी उनमें से 12 मांगे मान ली गई है, इसके बाद काफी संख्या में कर्मचारी ड्यूटी में लौट आए। उन्होंने बताया कि वेतन संबंधी मामले में फैक्ट्री प्रबंधन का स्पष्ट रूप से कहना है कि उनके द्वारा शासनादेश के अनुरूप कर्मचारियों को वेतन दिया जा रहा है, जैसे ही सरकार की ओर से कोई नया शासनादेश आएगा उस आधार पर नया वेतनमान जारी कर दिया जाएगा। उन्होंने कर्मचारियों से आह्वान किया कि कंपनी एवं कर्मचारियों के उज्जवल भविष्य को देखते हुए आंदोलनरत कर्मचारी ड्यूटी में लौट आए।


