
कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और पूर्व कैबिनेट मंत्री हरक सिंह रावत एक बार फिर विवादों में घिरते नजर आ रहे हैं। एक शख्स ने हरक सिंह रावत और उनकी करीबी कांग्रेस नेता सोनिया आनंद रावत पर मकान खरीदने के नाम पर धोखाधड़ी, चेक बाउंस और संपत्ति पर कब्जा करने जैसे गंभीर आरोप लगाए हैं।
2021 में हुआ था मकान का सौदा
शिकायतकर्ता हरिओम सहगल के मुताबिक, 21 जून 2021 को उन्होंने कंडोली स्थित अपना मकान सोनिया आनंद रावत को बेचा था। सौदे के भुगतान के लिए एसबीआई और पीएनबी के कई चेक दिए गए थे। हालांकि, हरिओम सहगल का आरोप है कि ये सभी चेक बाउंस हो गए। इनमें करीब 35 लाख का एक चेक भी शामिल बताया गया है। शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया है कि भुगतान नहीं होने के बावजूद 30 जनवरी 2022 को कुछ लोगों ने उन्हें मकान से बाहर निकाल दिया और संपत्ति पर कब्जा कर लिया। हरिओम सहगल ने हरक सिंह रावत पर धमकाने के भी आरोप लगाए हैं।
सोनिया आनंद ने दी भूख हड़ताल की चेतावनी
वहीं दूसरी तरफ सोनिया आनंद रावत ने हरिओम सहगल की शिकायत पर सवाल उठाते हुए इसे राजनीतिक साजिश करार दिया है। उनका कहना है कि पूरा मामला वर्ष 2021 का है, लेकिन अब भाजपा नेताओं के इशारे पर उनकी छवि खराब करने के लिए इसे दोबारा उठाया जा रहा है।
सोनिया आनंद ने शिकायतकर्ता की ओर से कथित तौर पर इस्तेमाल की गई अभद्र भाषा को लेकर भी पुलिस से सवाल किया है। उन्होंने पूछा कि इस मामले में पुलिस क्या कार्रवाई कर रही है। सोनिया आनंद का कहना है कि यदि उनकी शिकायत पर कार्रवाई नहीं होती है तो वह एसएसपी कार्यालय पहुंचकर भूख हड़ताल पर बैठेंगी। उन्होंने शिकायतकर्ता को भाजपा का मोहरा भी बताया है।
मामले की जांच शुरू
शिकायतकर्ता की तहरीर के बाद पुलिस ने मामले की जाँच शुरू कर दी है। देहरादून एसएसपी प्रमेन्द्र डोभाल ने जांच एसपी सिटी को सौंप दी है। पुलिस को पूरे प्रकरण की पड़ताल कर आरोपों से जुड़े तथ्यों की जांच करने के निर्देश दिए गए हैं।


