ब्रिटेन में NCA की हिरासत में रामनगर के कैप्टन अजय पंत, 16 जुलाई को होगी अगली सुनवाई..।

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रामनगर निवासी कैप्टन अजय पंत, जो वर्तमान में ब्रिटेन की विनचेस्टर जेल में न्यायिक हिरासत में हैं, उन्हें भारतीय उच्चायोग, लंदन की ओर से लगातार कांसुलर सहायता उपलब्ध कराई जा रही है। यह जानकारी सांसद अजय भट्ट को भेजे गए भारतीय उच्चायोग के आधिकारिक पत्र में दी गई है।

जानकारी के अनुसार, भारतीय उच्चायोग ने कैप्टन अजय पंत से संपर्क स्थापित किया है। उन्होंने स्वयं को सामान्य रूप से स्वस्थ बताया है। उच्चायोग उनकी पत्नी, कानूनी प्रतिनिधियों, नियोक्ता और ब्रिटिश अधिकारियों के साथ लगातार समन्वय बनाए हुए है तथा ब्रिटेन के विदेश मंत्रालय से उनके अधिकारों और सुरक्षा सुनिश्चित करने का भी अनुरोध किया गया है।

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गौरतलब है कि हाल ही में कैप्टन अजय पंत की पत्नी ने सांसद अजय भट्ट से मुलाकात कर अपने पति की रिहाई और आवश्यक सहायता दिलाने की मांग की थी। इसके बाद भारतीय उच्चायोग की ओर से मामले में की जा रही कार्रवाई की विस्तृत जानकारी साझा की गई।

क्या है पूरा मामला?

38 वर्षीय कैप्टन अजय पंत अंतरराष्ट्रीय तेल टैंकर एमवी स्मिर्टोस (MV Smyrtos) के कप्तान थे। यह जहाज 4 जून को रूस के उस्त-लूगा बंदरगाह से लगभग 1.01 लाख टन उराल क्रूड ऑयल लेकर गुजरात के सिक्का पोर्ट के लिए रवाना हुआ था।

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14 जून को इंग्लिश चैनल में ब्रिटेन की नेशनल क्राइम एजेंसी (NCA) और रॉयल मरीन कमांडो ने हेलीकॉप्टर के जरिए जहाज पर कार्रवाई करते हुए उसे अपने नियंत्रण में ले लिया। जांच एजेंसी का आरोप है कि जहाज कथित रूप से रूस की तथाकथित शैडो फ्लीट’ का हिस्सा था, जिसका इस्तेमाल पश्चिमी देशों के प्रतिबंधों के बावजूद रूसी तेल के परिवहन के लिए किया जाता था।ब्रिटिश अधिकारियों ने कैप्टन अजय पंत पर Russia (Sanctions) Regulations 2019 के कथित उल्लंघन का मामला दर्ज किया है। फिलहाल वह न्यायिक हिरासत में हैं और मामले की अगली सुनवाई 16 जुलाई 2026 को निर्धारित है।

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भारतीय उच्चायोग ने स्पष्ट किया है कि कैप्टन अजय पंत और उनके परिवार को आवश्यक कांसुलर सहायता और हरसंभव सहयोग आगे भी निरंतर उपलब्ध कराया जाता रहेगा।

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