
देहरादून न्यूज़- उत्तराखंड की राजधानी देहरादून से गुरुवार को एक बेहद दर्दनाक हादसे की खबर सामने आई। क्लेमेनटाउन क्षेत्र की नई बस्ती में बरसाती नाले में डूबने से दो सगी मासूम बहनों की मौत हो गई। हादसे के बाद पूरे इलाके में शोक की लहर दौड़ गई, जबकि परिवार का रो-रोकर बुरा हाल है। पुलिस ने दोनों बच्चियों के शव पोस्टमार्टम के लिए मोर्चरी भेज दिए हैं और मामले की जांच शुरू कर दी है।
पुलिस के अनुसार, गुरुवार शाम करीब चार बजे नई बस्ती निवासी राजेश मित्तल ने थाना क्लेमेनटाउन को सूचना दी कि दुर्गा मंदिर के पास बरसाती नाले में दो बच्चियां तेज बहाव में बहकर नाले के ऊपर बने रैंप के नीचे फंस गई हैं। सूचना मिलते ही थाना प्रभारी पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे। हालांकि, पुलिस के पहुंचने से पहले ही स्थानीय लोगों ने दोनों बच्चियों को बाहर निकाल लिया था, लेकिन तब तक उनकी मौत हो चुकी थी।
मृतक बच्चियों की पहचान लक्ष्मी कुमारी (7 वर्ष) और सोनाक्षी कुमारी (3 वर्ष) के रूप में हुई है। दोनों सगी बहनें थीं और अपनी मां रीना कुमारी के साथ नई बस्ती में किराये के मकान में रहती थीं। परिवार मूल रूप से बिहार के खगड़िया जिले का निवासी है। माता-पिता दिहाड़ी मजदूरी कर परिवार का पालन-पोषण करते हैं। घटना के समय बच्चियों के पिता किसी काम से बिहार गए हुए थे। हादसे की सूचना उन्हें दे दी गई है।
माता रीना कुमारी ने पुलिस को बताया कि दोनों बच्चियां दोपहर में घर के बाहर बरसाती नाले में नहाने गई थीं। इसी दौरान अचानक नाले में पानी का तेज बहाव आ गया, जिससे दोनों बहकर रैंप के नीचे फंस गईं। काफी देर तक बच्चियों के दिखाई नहीं देने पर परिजनों और स्थानीय लोगों ने उनकी तलाश शुरू की। तलाश के दौरान बड़ी बेटी का पैर रैंप के नीचे दिखाई दिया, जिसके बाद दोनों बच्चियों को बाहर निकाला गया, लेकिन तब तक उनकी मौत हो चुकी थी।
पुलिस ने पंचनामा भरकर दोनों शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। हादसे के बाद नई बस्ती में मातम पसरा हुआ है। स्थानीय लोगों ने बरसात के दौरान खुले नालों और तेज बहाव वाले स्थानों पर बच्चों की सुरक्षा को लेकर प्रशासन से प्रभावी इंतजाम करने की मांग की है।


