
खैरना ( भुजान ) 3 सितंबर।* श्रीकृष्ण जन्माष्टमी के पावन अवसर पर स्कॉलर्स होम विद्यालय में नन्हे-मुन्ने बच्चों के लिए राधा-कृष्ण बनो प्रतियोगिता का भव्य आयोजन किया गया। इस वर्ष लगातार हो रही अत्यधिक वर्षा और विद्यालय में अवकाश होने के कारण प्रबंधन ने बच्चों की सुरक्षा को देखते हुए यह प्रतियोगिता ऑनलाइन माध्यम से आयोजित कराने का निर्णय लिया, बावजूद इसके बच्चों और अभिभावकों में जबरदस्त उत्साह देखने को मिला।
सुबह से ही बच्चे राधा-कृष्ण की मनमोहक वेशभूषा में सज-धज कर अपने मोबाइल स्क्रीन पर प्रस्तुति देते नजर आए। किसी ने बांसुरी बजाते हुए कृष्ण की लीलाओं का मंचन किया तो किसी ने राधा बनकर भजनों पर मनमोहक नृत्य प्रस्तुत किया। पूरा ऑनलाइन सत्र “राधे-राधे” और “जय श्रीकृष्ण” के जयकारों से गूंज उठा।
प्रतियोगिता को उम्र और कक्षा के आधार पर तीन वर्गों में विभाजित किया गया था ताकि सभी बच्चों को समान अवसर मिल सके।
ग्रुप-A (नर्सरी, LKG, UKG) – नन्हे कान्हा की टोली
इस वर्ग में सबसे छोटे बच्चों ने बड़े आत्मविश्वास के साथ भाग लिया।
प्रथम स्थान – गौरांश माहरा ने कृष्ण रूप में अपनी भोली मुस्कान और प्रस्तुति से सबका दिल जीत लिया।
द्वितीय स्थान – गौरांशी (नर्सरी) ने राधा के रूप में शानदार अभिनय किया।
तृतीय स्थान – शिवांश कुमार एवं शानवी जलाल ने संयुक्त रूप से स्थान प्राप्त किया।
ग्रुप-B (कक्षा 1 से 5) – मध्यम वर्ग
इस वर्ग में प्रतिस्पर्धा काफी कड़ी रही।
प्रथम स्थान – अक्षत नाथ गोस्वामी ने अपनी वाणी और वेशभूषा से निर्णायकों को प्रभावित किया।
द्वितीय स्थान – प्रियांशी बोरा तथा जयश्री बिष्ट को संयुक्त रूप से दिया गया।
तृतीय स्थान – अभी नेगी ने प्राप्त किया।
ग्रुप-C (कक्षा 6 से 8) – वरिष्ठ वर्ग
बड़े बच्चों ने भक्ति के साथ-साथ संस्कारों का भी परिचय दिया।
प्रथम स्थान – प्रेरिका जोशी ने राधा के प्रेम और भक्ति भाव को बखूबी दर्शाया।
द्वितीय स्थान – देवांश लोहनी ने कृष्ण के रूप में बेहतरीन प्रस्तुति दी।
तृतीय स्थान – लक्षिता खत्री, मोहिल पांडे एवं ध्रुव उप्रेती ने संयुक्त रूप से प्राप्त किया।
इस सफल आयोजन के पीछे विद्यालय के समस्त शिक्षक स्टाफ का अथक परिश्रम रहा। जिसमें हेमलता लोहनी, आनंद खाती, दीक्षा, शालिनी, कविता, सिमरन, तनुजा, तबस्सुम, लता, हेमा, कुबेर, आदि ने ऑनलाइन प्रतियोगिता को तकनीकी रूप से संभालने और बच्चों का उत्साह बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
अंत में विद्यालय के प्रधानाचार्य ने सभी विजेता एवं प्रतिभागी बच्चों को श्रीकृष्ण जन्माष्टमी की हार्दिक शुभकामनाएं देते हुए कहा कि ऐसे आयोजन बच्चों को अपनी भारतीय संस्कृति और सनातन परंपराओं से जोड़ते हैं। उन्होंने कहा कि राधा-कृष्ण का जीवन हमें प्रेम, करुणा और धर्म के मार्ग पर चलने की प्रेरणा देता है


